कोरोना की तीसरी लहर, विशेषज्ञों ने कहा- मास्क लगाकर बच्चों को स्तनपान कराएं संक्रमित महिलाएं

 

कोरोना की तीसरी लहर, विशेषज्ञों ने कहा- मास्क लगाकर बच्चों को स्तनपान कराएं संक्रमित महिलाएं

न्यूज़।एक ओर लगातार कोरोनावायरस के संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है, वहीं दूसरी ओर इसमें गर्भवती और प्रसूता भी शामिल हो रही हैं। ज्यादातर गर्भवती महिलाएं डिलीवरी करवाने से पहले अपनी जांच करवा रही हैं, जिनमें वह संक्रमित पाई जा रही हैं। ऐसे में संक्रमित महिलाओं के साथ नवजात की देखरेख और उसे संक्रमण मुक्त रखना एक चुनौती बन गया है। इसके लिए जरूरी है कि महिलाएं कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखें।किंग जार्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी की पीडियाट्रिक विभाग की अध्यक्ष डा. शैली अवस्थी कहती हैं कि यदि कोई गर्भवती महिला संक्रमित पाई जाती है और बच्चे को जन्म देती है तो उसे कुछ खास बातों का ध्यान रखना चाहिए। मसलन, स्तनपान कराते हुए उसे मास्क लगाए रखना चाहिए। होम आइसोलेशन में इस बात का ख्याल रहे कि मां और बच्चे के पास कोई अन्य व्यक्ति न जाए। डा. शैली ने बताया कि केजीएमयू में नवजात के लिए भी कोरोना जांच की सुविधा है। आवश्यकता पड़ने पर संक्रमित प्रसूता के नवजात की पहले दिन, पांचवें दिन और डिस्चार्ज वाले दिन कोरोना जांच की जा सकती है।वीरांगना अवंती बाई बाल एवं महिला चिकित्सालय के बाल रोग विशेषज्ञ डा. सलमान का कहना है कि संक्रमित मां को बच्चे को छूने से पहले और छूने के बाद हाथ जरूर धुलना चाहिए। इसके अलावा मां का दूध ही नवजात के लिए सबसे बड़ी दवा है। ऐसे में स्तनपान नहीं छुड़वाना चाहिए। यदि मां संक्रमित है तो भी बच्चे को मां से अलग न रखकर होम आइसोलेशन में भी साथ में रखें और बच्चे के आसपास सिर्फ वही लोग जाएं जो पूरी तरह से टीकाकरण करवा चुके हों।
अस्पतालों में बीते एक हफ्ते में बड़ी संख्या में गर्भवती और प्रसूता में कोविड का संक्रमण मिल चुका है। बीती आठ जनवरी को वीरांगना झलकारीबाई महिला चिकित्सालय में एक साथ 13 महिलाओं में संक्रमण की पुष्टि हुई थी। इनमें से पांच महिलाएं अस्पताल में भर्ती थीं। संक्रमण की पुष्टि होने के बाद भर्ती महिलाओं को लोकबंधु अस्पताल के कोरोना वार्ड में शिफ्ट किया गया। इसी तरह वीरांगना अवंती बाई बाल एवं महिला चिकित्सालय में अब तक 12 महिलाओं में कोरोनावायरस के संक्रमण की पुष्टि हुई है। इनमें से छह महिलाएं अस्पताल में भर्ती रही जिन्होंने स्वस्थ बच्चों को जन्म दिया। यह सभी महिलाएं अभी होम आइसोलेशन में हैं।