इतनी ज्यादा तकलीफें आ रही हैं कि आज दिन तक आपने जो भी तकलीफें देखी है, वो सब पीछे हो जाएंगी

 इतनी ज्यादा तकलीफें आ रही हैं कि आज दिन तक आपने जो भी तकलीफें देखी है, वो सब पीछे हो जाएंगी



दुनिया में शराब, मांस बंद हो जाए तो बहुत सी तकलीफें अभी दूर हो जाये


देश की संपत्ति आपकी संपत्ति है, हड़ताल, तोड़फोड़, आगजनी, आंदोलन, धरना से दूर रहो


सीकर (राजस्थान)।आने वाले भयंकर समय से जनमानस को बराबर आगाह करने वाले तथा उससे बचने के उपाय भी बताने वाले वक्त के पूरे समर्थ सन्त सतगुरु उज्जैन वाले बाबा उमाकान्त जी ने बाबा जयगुरुदेव जी के द्वितीय मासिक भंडारे के अवसर पर 6 अगस्त 2021 को सीकर (राजस्थान) में सतसंग सुनाते हुए अपनी दिव्य दृष्टि से आगामी संकट को देखते हुए बताया कि आगे का समय बहुत खराब आ रहा है। अभी तक खराब समय आपने नहीं देखा है। आगे आएगा। जो भी आप देख चुके हो, बीमारियां, तकलीफ, लोगों को तड़पते हुए दुनिया संसार से जाना, वह सब आगे आने वाली तकलीफों के पीछे हो जाएगा। लेकिन 'बचेगा साध जन कोई, जो सत से लौ लगाएगा'। अगर आप आध्यात्मिक रहोगे, भजनानंदी रहोगे, लोगों को बताते-समझाते रहोगे, परमार्थ के रास्ते पर चलाते रहोगे तो बचत हो जाएगी।


*देश प्रेम बनाये रखना, देश की सम्पति आपकी अपनी सम्पति है*


प्रेमियों! देश प्रेम बनाए रखना। देश की संपत्ति आपकी अपनी संपत्ति है। देश की संपत्ति का कोई नुकसान ना हो। हड़ताल, तोड़फोड़, आगजनी, आंदोलन, धरना-प्रदर्शन से दूर रहना।


*सब लोग अपने-अपने धर्म का पालन करने लग जाये तो व्यवस्था सही हो जाये*


हो सके तो किसी का भला कर दो, किसी का बुरा मत चाहो। दरवाजे पर कोई भूखा-प्यासाआ जाए, उसको खिला-पिला दो। यह गृहस्थ का धर्म है। गृहस्थ धर्म का पालन करो। सभी लोग अपने-अपने धर्म का पालन करने लग जाएं तो अभी व्यवस्था सही हो जाएगी।


*शराब मांस के कारण जवान लोग बीमार होकर दुनिया से चले जा रहे हैं*


किसी भी पशु-पक्षी का मांस मत खाना। बीमारियां इसी वजह से ज्यादा फैल रही हैं। तरह-तरह की बीमारियां आ गई, अभी और आने वाली हैं। मांस खून को बेमेल और बुद्धि को भ्रष्ट कर देता है। शराब-मांस अगर दुनिया में बंद हो जाए तो बहुत सी तकलीफें दूर हो जाएं। शराब, अपराध भ्रष्टाचार की जननी है। जहां पर भी अपराध रहेगा, अपराधी के अंदर पता लगाओ, यह आपको मिलेंगे। किसी भी अस्पतालों में चले जाओ वहां मरीजों में ज्यादा मांसाहारी ही मिलेंगे। जवान लोग बीमार होकर संसार से चले जा रहे हैं। उसका क्या कारण है? यही है- शराब और मांस।


*जयगुरुदेव, जयगुरुदेव, जयगुरुदेव जयजय गुरुदेव बराबर बोलते रहो, खराब समय में हो जाएगी रक्षा*


महाराज जी ने बताया कि इस तरह की जयगुरुदेव नाम ध्वनि आप लोग अपने-अपने घरों में बोलना और बुलवाना शुरू कर दो। जो नहीं बैठते हैं, बैठने लग जाएंगे तो उनके भी भाव बदल जाएंगे। बराबर बोलते रहने से दुख-तकलीफों-बीमारियों में आराम तो मिलेगा ही, अगर रट गया तो आने वाले खराब समय में रक्षा भी हो जाएगी।


*सन्त उमाकान्त जी के वचन*


समझलो ! निर्मित ऑक्सीजन जब नहीं मिलेगी तब बगीचा और जंगलों की ऑक्सीजन से ही जीवन दान मिलेगा। ऑक्सीजन  देने वाले पेड़ लगाइए, आगे इसकी भारी जरूरत पड़ेगी। पीपल, एलोवेरा, तुलसी, नीम, मनी प्लांट, एरिका पाम, क्रिसमस कैक्टस, स्नेक ट्री, आरेंज जरबेरा, आर्किड इन पौधो को लगाइये ये रात दिन ऑक्सीजन  देते हैं।सन्त सतगुरु के बताए वचनों पर कभी शंका नहीं करना चाहिए। पैदा होने से पहले जो मां के स्तन में दूध भरता है, उस मालिक पर भरोसा करो, पेट के लिए ईमान और धर्म मत बेचो।