24 पर शांतिभंग की कार्यवाही

 24 पर शांतिभंग की कार्यवाही



फतेहपुर, 28 अक्टूबर। पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार सिंह के निर्देशन पर चलाये गये अभियान के तहत अलग-अलग थानों की पुलिस ने दो दर्जन लोगों के विरूद्ध 151 के तहत कार्यवाही की है। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार सदर कोतवाली प्रभारी एक, हुसैनगंज दो, मलवां एक, खखरेरू पाॅच, बिन्दकी कोतवाली प्रभारी छः, जहानाबाद चार, कल्यानपुर तीन तथा ललौली थानाध्यक्ष ने दो लोगों के विरूद्ध शांतिभंग के तहत कार्यवाही की है।

सर्पदंश से वृद्ध की मौत

फतेहपुर, 28 अक्टूबर। सुल्तानपुर घोष थाना क्षेत्र के ग्राम डिहरवापर में घर के बाहर बैठे 60 वर्षीय वृद्ध को जहरीले सर्प ने डस लिया जिसे उपचार के लिये अस्पताल ला रहे थे तभी रास्ते में उसने दम तोड़ दिया। जानकारी के अनुसार डिहरवापर गांव निवासी मुंशीलाल का पुत्र श्रीराम मौर्य बुधवार की शाम घर के बाहर बैठा था तभी जहरीले सर्प ने उसे डस लिया। हालत बिगड़ जाने पर परिजन उसे उपचार के लिये अस्पताल ला रहे थे तभी वृद्ध ने रास्ते में दम तोड़ दिया। सूचना पाकर घटना स्थल पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर विच्छेदन गृह भेज दिया।

मामूली विवाद में महिला को पीटा

फतेहपुर, 28 अक्टूबर। सदर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम सनगांव में गुरूवार की सुबह बच्चों के विवाद में 22 वर्षीय युवती को पड़ोसी माॅ, बेटियों ने लात घूसों से बुरी तरह पीट दिया जिसे मेडिकल परीक्षण के लिये जिला चिकित्सालय लाया गया। जानकारी के अनुसार ग्राम सनगांव निवासी वसीम की पत्नी मोहम्मदी बानो की 2 वर्षीय मासूम बच्ची अलीसा पड़ोसी रहमतून पत्नी मुख्तार के घर चली गयी इसी बात को लेकर मोहम्मदी व रहमतून के बीच कहा सुनी हो गयी जिस पर रहमतून अपनी पुत्र मुस्कान के साथ मिल महिला को लात घूसो से बुरी तरह पीट दिया। उधर पीड़ित महिला थाने पहुंची जहां पुलिस ने कानूनी कार्यवाही करते हुये मेडिकल परीक्षण के लिये जिला चिकित्सालय भेजा है।

महिला ने किया जान देने का प्रयास

फतेहपुर, 28 अक्टूबर। असोथर थाना क्षेत्र के ग्राम हरनवां में गुरूवार की सुबह घरेलू कलह के चलते 27 वर्षीय महिला ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या करने का प्रयास किया जिसे उपचार के लिये जिला चिकित्सालय लाया गया जहा उसकी हालत गंभीर देख कानपुर के लिये रेफर कर दिया गया। जानकारी के अनुसार हरनवां गांव निवासी राकेश की पत्नी शिखा देवी ने आज सुबह घरेलू कलह के चलते जहर खाकर जाने देने की कोशिश की। कुछ समय बाद जब उसकी हालत बिगड़ने लगी तो परिजनों ने उसे आनन-फानन सरकारी एम्बुलेंस द्वारा उपचार के लिये जिला चिकित्सायल में भर्ती कराया। जहां इमरजेंसी में तैनात चिकित्सक ने उसकी हालत चिंता जनक देखते हुये कानपुर मेडिकल काॅलेज के लिये रेफर कर दिया।