नाली निर्माण में पीले व सूखे ईंटों का हो रहा प्रयोग

 नाली निर्माण में पीले व सूखे ईंटों का हो रहा प्रयोग




अमौली/फतेहपुर।



विकासखंड अमौली क्षेत्र के बबई ग्राम पंचायत के मठ गांव में लाखों की लागत से बन रहे नाली के अस्तित्व पर अभी से खतरा मंडराने लगा है।

जिससे स्थानीय प्रशासन पर भी सवालिया निशान खड़े होने लगे हैं।

 सौरभ सिंह त्रिलोकचंदी व कुछ ग्रामीणों से प्राप्त जानकारी के अनुसार मठ गांव में राधेलाल साहू के दरवाजे से गांव के उत्तर पश्चिम दिशा पर स्थित रामकृपाल यादव के घेरा के समीप तक ग्राम पंचायत द्वारा नाली निर्माण का कार्य कई दिनों से चल रहा है। जिसका प्रयोग गांव में बह रहे गंदे पानी को बाहर निकालना है। लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण कार्य में जिम्मेदार मानकों को ताक पर रखकर के निर्माण कार्य करा रहे हैं। नाली निर्माण में खुलेआम पीले वह सूखे ईटों का प्रयोग किया जा रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि मोरंग की जगह बालू का भी अधिकाधिक प्रयोग किया जा रहा है। खुलेआम हो रहे इस निर्माण के बाबत ब्लॉक प्रशासन के जिम्मेदार आंखें मूंदे हुए हैं। मामले की  शिकायत सौरभ सिंह त्रिलोकचंदी ने जब ठेकेदार से की तो वो उनसे विवाद करने लगा और कहने लगा कि आप कौन होते है ये सब देखने वाले, इसके बाद जब इसकी शिकायत ग्राम प्रधान और सचिव से फोन पर की गई तो एक बार के बाद सचिव ने काल नही रिसीव की ग्राम प्रधान अगले दिन आने के लिए बोला, उसके बाद सौरभ सिंह त्रिलोकचंदी ने मामले को कुछ उच्च अधिकारियों को व्हाट्सएप्प के जरिये भी अवगत कराया है।


सौरभ सिंह त्रिलोकचंदी

राजबीर सिंह, राहुल साहू, पंकज साहू, राजेश शंखवार।

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