अनशन में बैठे दंपति को भगाने का वीडियो हुआ वायरल

 अनशन में बैठे दंपति को भगाने का वीडियो हुआ वायरल



बांदा संवाददाता।  जिला मुख्यालय के अशोक लॉट तिराहे पर पिछले 3 महीने से एक दम्पति क्रमिक अनशन कर रहा है. सोमवार को दंपति ने पुलिसकर्मियों पर कथित रूप से मारपीट कर हटाने की कोशिश करने का आरोप लगाया है. अनशन  पर बैठा व्यक्ति दिव्यांग है. उसे अनशन से हटाते हुए पुलिसकर्मियों का वीडियो वायरल भी हो गया है. दंपति का आरोप है कि उसके मकान और खेती की जमीन फर्जी दस्तावेजों के जरिए किसी और ने अपने नाम करा लिया.

बांदा शहर के अशोक लॉट तिराहे में अनशन कर रही जमुनी पुरवा गांव की महिला जरीना ने आरोप लगाया, 'सोमवार दोपहर कई अधिकारियों के साथ अनशनस्थल पर आए पुलिसकर्मियों ने उसके और उसके पति के साथ मारपीट व अभद्रता की और उन्हें जबरन हटाने की कोशिश की.'पिछले साल अक्टूबर से कर रहे हैं क्रमिक अनशन

महिला के दिव्यांग पति अजीज अहमद ने बताया कि गांव के कुछ लोगों ने उनके बाबा की मृत्यु तिथि में फेरबदल कर मकान और तीन बीघे कृषि भूमि पर फर्जी कागजात से कब्जा कर लिया है. मकान और कृषि भूमि वापस दिलाने की मांग को लेकर पति-पत्नी 21 अक्टूबर 2020 से 27 जनवरी 20121 तक क्रमिक अनशन पर बैठे रहे. अजीज अहमद ने बताया कि कोई सुनवाई नहीं होने पर 28 जनवरी से उन्होंने आमरण अनशन शुरू कर दिया. अजीज अहमद के मुताबिक, 'प्रशासन ने उनकी वाजिब समस्या का निस्तारण करने के बजाय मारपीट, गाली-गलौजकर जबरन हटाने की कोशिश की है.'महिला को घसीटते हुए वीडियो वायरल

महिला पुलिसकर्मियों द्वारा अनशनस्थल से महिला को घसीटने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. वीडियो पर जांच कर कार्रवाई की बात कही गई है. वहीं स्थानीय लोगों ने इस घटना की निंदा की है.

पुलिस ने पिटाई के आरोप पर दी यह सफाई

शहर कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक (एसएचओ) जयश्याम शुक्ला ने बताया, 'दंपति पिछले 28 जनवरी से आमरण अनशन पर है. चिकित्सकों की राय पर उन्हें जिला अस्पताल स्वास्थ्य परीक्षण के लिए ले जाया जा रहा था, लेकिन दोनों महिला पुलिसकर्मियों से उलझ गए.' शुक्ला ने अनशनकारी दंपति से मारपीट या अभद्रता के आरोपों से इनकार किया है।