नकल विहीन परीक्षा का दावा तार-तार, पेपर की हल कापियां परीक्षा से घंटों पहले बिकीं, डीएम-एसपी ने संभाला मोर्चा

 नकल विहीन परीक्षा का दावा तार-तार, पेपर की हल कापियां परीक्षा से घंटों पहले बिकीं, डीएम-एसपी ने संभाला मोर्चा



न्यूज। बलिया में प्रशासन के नकल विहीन परीक्षा के दावे तार-तार नजर आ रहे हैं। प्रशासन की चेतावनी का कोई असर नकल माफियाओं पर देखने को नहीं दिख रहा है। रात में ही पेपर हल कर लिया जा रहा है और हल कापियां मुंहमांगे दामों पर बेची जा रही हैं। सोमवार की रात से ही मंगलवार को होने वाली हाईस्कूल की संस्कृत के पेपर की हल कॉपी बाजार में खूब बिकी।  हालांकि, हल की हुईं कापियां कितनी सही हैं या कितनी गलत परीक्षा सम्पन्न होने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। मामला जानकारी में आने के बाद डीएम और एसपी ने स्वयं मोर्चा संभाल लिया है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है।की सबसे बड़ी बोर्ड परीक्षा यूपी बोर्ड को नकल विहीन संपन्न कराने को लेकर प्रशासन हर साल दावा करता है। लेकिन नकल माफिया दावे को तार-तार करने में लगे रहते हैं और अपने मंसूबे में कामयाब भी हो जाते हैं। क्षेत्र में परीक्षा प्रारंभ होने से पहले ही नकल माफिया बोर्ड की डुप्लीकेट कॉपी खुलेआम बेच रहे थे। इसकी खबर अखबारों में प्रकाशित हुई। खबरों का असर प्रशासन पर नहीं हुआ। इसका परिणाम है कि नकल माफिया परीक्षा शुरू होने से पहले ही पेपर की हल कापियां बेचना शुरू कर देते हैं।


नकल रोकने के सारे दावे खोखले

मंगलवार की सुबह होने वाली हाईस्कूल के संस्कृत विषय की परीक्षा के पेपर की हल कॉपी सोमवार की रात में बिकनी शुरू हो गई। हालांकि, बिक रही पेपर की हल कॉपी सही है या गलत यह परीक्षा समाप्त होने के बाद ही पेपर मिलान के बाद स्पष्ट हो पाएगा। यदि यह हल कॉपी पेपर मिलान के बाद सही मिलती है तो प्रशासन के नकल रोकने के सारे दावे खोखले साबित होंगे। इस मामले का स्वयं जिलाधिकारी आईबी सिंह और एसपी राजकरन नय्यर ने संज्ञान लिया है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है।