झांसी मानिकपुर के बीच धुरी लाइन बनने के बाद दौड़ने लगी स्पीड ट्रेनें

 झांसी मानिकपुर के बीच धुरी लाइन बनने के बाद दौड़ने लगी स्पीड ट्रेनें



बांदा संवाददाता। झांसी-मानिकपुर के बीच दोहरी लाइन बनने के बाद ट्रेनें स्पीड के साथ दौड़ने लगेंगी। सिंगल रूट होने के कारण अभी जगह- जगह गाड़ियों को रोका जाता है।

 बुंदेलखंड में जल्द मेमू ट्रेनें दौड़ाने की तैयारी, लीजिये पूरी जानकारी डबल लाइन होने पर ट्रेनों की संख्या बढ़ाने में भी दिक्कत नहीं होगी। बुंदेलखंड के महत्वपूर्ण रेल मार्ग झांसी-बांदा-मानिकपुर का दोहरीकरण दो साल बाद 2022-23 में पूरा हो जाने का रेलवे ने दावा किया है। दूसरी तरफ इस लंबे रूट के दोहरीकरण में छोटे-बड़े पुल, पुलिया और भवन बनना है, लेकिन अब तक कच्छप गति से काम हुआ है। इस संबंध में पीआरओ मनोज कुमार सिंह ने बताया कि झांसी- मानिकपुर दोहरी लाइन पर तेजी से काम किया जा रहा है। कोरोना संक्रमण के चलते यह काम धीमा पड़ गया था, लेकिन इस काम ने दोबारा तेजी पकड़ ली है। झांसी-खैरार-मानिकपुर और खैरार-भीमसेन डबल ट्रैक के लिए तीन हजार करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत हुआ है। झांसी से मानिकपुर के बीच 310 किलोमीटर और भीमसेन से खैरार के बीच 115 किलोमीटर डबल ट्रैक बनना है। ट्रेन में सफर करने वाले बुन्देलखण्ड वासियों को राहत झांसी से मानिकपुर के बीच के काम को छह भागों में बांटा गया है। काम की शुरुआत बरुआसागर से मऊरानीपुर (42 किलोमीटर) और कुलपहाड़ से महोबा (52 किलोमीटर) से की गई है। इन दोनों खंडों के बीच बेतवा, केन और धसान नदी पर बड़े पुल बनने हैं। पुल बनने का काम जल्दी हो सके, इसके लिए इन खंडों को चुना गया है। दोनों खंडों में समतलीकरण के काम के लिए झांसी की दो फर्मों ने ठेका ले रखा है उत्तर मध्य रेलवे झांसी के डिप्टी चीफ इंजीनियर ने बताया कि इन दोनों खंडों के बीच सबसे पहले 94 किलोमीटर में पटरी डालने का काम होगा। पटरी डालने की टेंडर प्रक्रिया शुरू हो गई है। साथ ही सभी डिजाइन स्वीकृति के लिए मुख्यालय प्रयागराज भेज दी गई हैं। मार्च 2023 तक यह काम पूरा होना है।

बताते चले कि बांदा में हर दिन 35 गाड़ियां गुजर रही हैं। दोहरीकरण होने से 24 घंटे में 100 से अधिक गाड़ियां गुजर सकेंगी। दोहरीकरण मार्ग में झांसी से मानिकपुर के बीच में छोटे बड़े सात नहरों और नदियों पर पुल भी बनाया जाएगा।  रेल मार्ग दोहरीकरण से जहां एक ओर लोगों को सुविधाएं मिलेंगी वहीं बांदा, चित्रकूट झांसी खजुराहो व महोबा में पर्यटन को बढ़ावा भी मिलेगा। यहां आने-जाने वाले पयर्टको को कम समय के सफर का लाभ मिल सकेगा।फिलहाल यह ट्रेनें गुजरती हैं झांसी-मानिकपुर सिंगल ट्रैक पर प्रमुख रूप से यूपी संपर्क क्रांति, खजुराहो कुरुक्षेत्र एक्सप्रेस, महाकौशल एक्सप्रेस, बुंदेलखंड एक्सप्रेस, तुलसी एक्सप्रेस, चंबल एक्सप्रेस, उदयपुर-खजुराहो एक्सप्रेस, झांसी-इलाहाबाद पैसेंजर, झांसी-बांदा पैसेंजर, झांसी-मानिकपुर पैसेंजर ट्रेनें दौड़ती हैं।