गुलाबी गैंग लोकतान्त्रिक का संघर्ष, सफलता की ओर अग्रसर

 गुलाबी गैंग लोकतान्त्रिक का संघर्ष, सफलता की ओर अग्रसर 



भ्रष्टाचार की जाँच हेतु सुजानपुर गांव पहुंची जिलास्तरीय अधिकारियों की टीम


फतेहपुर।गुलाबी गैंग की महिलाओं के संघर्ष से बहुआ विकासखंड के सुजानपुर गांव में सचिव के भ्रष्टाचार की जांच करने शुक्रवार को जिलास्तरीय अधिकारियों की टीम पहुंची।जनपद में वर्तमान समय में सक्रिय गुलाबी गैंग लोकतांत्रिक संगठन की महिलाओं ने जनपद में व्याप्त भ्रष्टाचार को कम करने के लिए व पात्रों को सरकारी योजनाओं का  दिलाने के लिए लगातार संघर्ष करता आ रहा है।जिसकी चर्चा चहुओर फैली हुई है। इसी क्रम में सुजानपुर गांव में बड़े स्तर पर भ्रष्टाचार व पात्रों को सरकारी योजनाओं ( पेंशन,आवास, शौचालय )के लाभ से वंचित करने तथा अपात्रों को लाभ  देने की गंभीर शिकायते जिला प्रशासन को मिली थीं | ग्राम सचिव मनमोहन सिंह द्वारा भ्रष्टाचार संलिप्तता के साक्ष्यों के साथ गुलाबी गैंग लोकतान्त्रिक कई बार ब्लाक स्तर से जिला स्तर तक आवाज उठा चुका है संघर्ष के इसी क्रम में दिसम्बर माह में विकास भवन फतेहपुर में गुलाबी गैंग लोकतान्त्रिक नें महाप्रदर्शन किया था।इस दौरान संगठन ने मुख्य विकास अधिकारी को ज्ञापन प्रेषित कर जाँच हेतु जिलास्तरीय कमेटी गठित करने हेतु पुरजोर मांग की थी | मुख्य विकास अधिकारी ने जाँच टीम का गठन करते हुए निष्पक्ष जाँच कराये जाने का आश्वासन दिया था अंततः शुक्रवार को सुजानपुर गांव में अधिकारियों की जाँच टीम पहुंची  जिसमें जिला बचत अधिकारी व अन्य जिलास्तरीय उच्च अधिकारी उपस्थित रहे। गुलाबी गैंग लोकतान्त्रिक अध्यक्ष हेमलता पटेल व संगठन की  महिलाओं ने स्वयं पात्र ब्यक्तियों के साथ उनके कच्चे घरों का औचक निरीक्षण अधिकारियों द्वारा करवाया  व समस्याओं से अवगत करवाया।इसी क्रम में ज़ब अपात्र को शौचालय का लाभ देने के शिकायत बिंदु पर ज़ब जाँच टीम ग्राम निवासी समर सिंह के घर पहुंची तो वास्तव में यह पाया की समर सिंह को शौचालय का लाभ दिया गया है जिसमें 12000 रूपए दिए गए जिसकी चेक संख्या 372126 एवं 907666 है जबकि समर सिंह का इकलौता पुत्र सर्वेश सिंह सरकारी प्राइमरी टीचर है ।जाँच टीम द्वारा ज़ब यह प्रश्न सचिव मनमोहन से किया गया की अपात्र को लाभ क्यों दिया तो सचिव मनमोहन नें कहा की समर सिंह का पुत्र अलग रहता है जबकि उसी स्थान पर मौजूद समर सिंह की पुत्री नें बताया की उसका भाई सर्वेश और पिता समर सिंह हम सभी साथ ही एक परिवार में रहते हैं ।अतः  जाँच अधिकारी को वास्तविक स्थिति पता चली जिससे साफ यह जाहिर हो गया की सचिव नें भ्रष्टाचार किया है जाँच अधिकारी नें यथास्थान पर ही सचिव मनमोहन को फटकार लगाई | आगे बढ़ने पर कई ऐसे गरीब पात्र ब्यक्ति मिले जिन्हे सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं  मिला इस तरह से लगभग तीन घण्टे तक जाँच टीम नें सघन जाँच की व ग्राम पंचायत में अत्यधिक अनियमिताओं से अवगत होते हुए अधिकारियों ने रिपोर्ट तैयार की।अधिकारियों ने पूर्ण आश्वासन दिया की समस्याओं का जल्द से जल्द निस्तारण किया जायेगा।पात्रों को योजनाओं का लाभ दिलाया जायेगा व योजनाओं पर गड़बड़ी करने व कराने वालों पर ठोस कदम उठाये जायेगे | अध्यक्ष हेमलता पटेल ने कहा की गरीब पात्र ब्यक्तियों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने हेतु हम व हमारा संगठन सदैव तत्पर है हमें आशा समस्याओं का निराकरण अब जल्द हो जायेगा|इस दौरान रेखा, सन्नो, रंजना, कमला, राजरानी, अनीता, सुनीता, रेखा, अंजली, प्रिया, गोपाल, शिवम्,  सोहावन, कल्लू, अजीत, श्यामू, रामबरन, शेखर आदि लोग मौजूद रहे।