युगांतरी शायर फिराक गोरखपुरी को शिद्दत के साथ याद किया गया

 युगांतरी शायर फिराक गोरखपुरी को शिद्दत के साथ याद किया गया



गोरखपुर । पूर्वांचल सांस्कृतिक प्रतिष्ठान व राष्ट्रीय सेवा परिषद के तत्वावधान में विगत वर्षों  की भाॅंति इस वर्ष भी शायरे आजम स्व0 रघुपति सहाय ‘फिराक सहाय’ के पुण्य तिथि पर  , एसपीपीडी स्कुल परिसर स्थित माॅं अकलेश  सभागार मे श्रद्धांजलि समारोह  कार्यक्रम सम्पन्न हुआ जिसके मुख्य अतिथि  प्रमुख समाजसेवी श्री दुर्गा प्रसाद बाबूजी  रहे। इस अवसर पर अपने संक्षिप्त सम्बोधन में मुख्य अतिथि श्री दुर्गा प्रसाद बाबूजी ने कहा फिराक गोरखपुरी की पुण्यतिथि 3 मार्च 1982 को गोरखपुर के बनवारपार मेे जन्मे इनका वास्तविक नाम रघुपति सहाय था रघुपति सहाय सहाय ‘फिराक गोरखपुरी के व्यक्तित्व ,वं उनकी रचनाओं के बारे में चर्चा करते हुए, कहा कि फिराक साहब ने न सिर्फ कविता को संगीतमय विचार दिये बल्कि कविता के माध्यम से कई कीर्तिमान भी स्थापित किये।

मुख्य वक्ता वरिष्ठ रेलवे अधिकारी इंजीनियर प्रदीप कुमार श्रीवास्तव व रेलवे एक्टिविस्ट  रंजीत कुमार ने अपने  सम्बोधन में  कहा कि ‘फिराक गोरखपुरी, एक युगांतरी रचनाकार रहे हैं जिन्होंने हिन्दी ऊर्दूं साहित्य की विभिन्न विधाओं में अपनी सशक्त लेखनी का उपयोग किया। उनकी रचनायेा के विषय सामाजिक परिवेश ,वं आदर्शोन्मुख यथार्थवादी धरातल से जुड़े होने के कारण आम जनमानस वे अत्यन्त लोकप्रिय बने हु, हैं। यह बड़ी ही प्रसन्नता की बात है कि पूर्वांचल सांस्कृतिक प्रतिष्ठान राष्ट्रीय सेवा परिषद ने संयुक्त रूप से रघुपति  सहाय की स्मृतियों को जीवंत बनाये रखने का प्रयास अनवरत जारी है। इस प्रयास को हर हाल में जारी रखा जाना लोकहित में होगा। 

मांगरिश समूह के मुखिया इंजी. संजीत कुमार व एडवोकेट मुनीश चन्द्र ने कहा कि मेरा यह मानना है कि जो जहाॅं है वहीं से अच्छा करने की पहल करे और ,जाति विहीन और वर्ग विहीन समाज बनाने में अपना योगदान करे, ‘फिराक ने हिन्दी ऊर्दूं साहित्य को सार्थकता प्रदान करने में काफी अहम भूमिका निभाई। उनकी श्रेणी का वास्तव में कोई कथाकार बिरला ही मिलता है। समारोह की अध्यक्षता करते हु, डाॅ0 मनोज कुमार (प्रसिद्ध शिक्षाविद व विभागाध्यक्ष शिक्षाशास्त्र सेंट एंड्रयूज पीजी कॉलेज)ने कहा कि प्रतिष्ठान सामाजिक विकास के लिए, किये जा रहे अपने प्रयासों को जारी रखते हुए,  ‘फिराक जी’की परम्परा शुरू की है जिसे भविष्य में और भी विस्तार प्रदान किया जाएगा। उन्होंने आशा व्यक्त की कि इस कार्य में समाज के जागरूक सदस्यों का सहयोग उन्हें अवश्य मिलेगा। समारोह का संचालन इं0 मुकेश प्रेम ने किया। आभार ,वं धन्यवाद शिव पाडेय ने व्यक्त किया।इससे पूर्व उनकी चित्र पर पुष्पांजलि के बाद श्रद्धांजलि सभा का भी आयोजन किया गयाlइस अवसर पर मजीत कुमार श्रीवास्तव (सप्पू बाबू )इंजी.अनुभव कुमार ,इंजी.अभिराज कुमार इंजी.प्रखर श्रीवास्तव पाडेय, प्रमोद शर्मा,मनोज सिंह, संतोष कुमार शर्मा, राज बहादुर यादव, अजीत प्रताप सिंह, इं0 रवि प्रकाश ,राजेश कुमार श्रीवास्तव, राकेश चन्द्र, राकेश कुमार, रवीन्द्र कुमार  आदि सहित भारी संख्या में लोग सोशल डिस्टेंसिंग के साथ उपस्थित रहेl