प्रदेश में भू माफियाओं की जगह मोरम माफियाओं के ऊपर कब गरजेगा बाबा का बुलडोजर

 प्रदेश में भू माफियाओं की जगह मोरम माफियाओं के ऊपर कब गरजेगा बाबा का बुलडोजर



मोरम माफिया कब तक चीरते रहेंगे कालिंद्री का सीना रोकथाम के नाम पर जिला प्रशासन का छूट रहा है पसीना


मोरम माफियाओं के हाथों की कठपुतली बन कर रह गया है खनन अधिकारी


फतेहपुर। इलाहाबाद हाई कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद तथा सूबे के मुखिया बुलडोजर बाबा की कड़ी चेतावनी के बाद भी यमुना घाटों में मोरम माफियाओं द्वारा मशीनों से खनन करा कर कालिंद्री का सीना चीरने पर कोई परहेज नहीं किया जा रहा है और मोरम माफिया जिला प्रशासन को खुली चुनौती दे रहा है। चर्चा इस बात की है कि योगी सरकार के मंत्रिमंडल में एक कद्दावर मंत्री के इशारे पर मोरम माफिया कालिंद्री का सीना पोकलैंड मशीनों के माध्यम से चीरने का काम कर रहे हैं इस बात को जिला प्रशासन पूरी तरह से समझ रहा है किंतु खादी के मधुमक्खी के छत्ते पर हाथ डालने का साहस नहीं जुटा पा रहा है। जिला प्रशासन के सामने यहां पर सांप और छछूंदर वाली कहावत पूरी तरह से चरितार्थ हो रही है। मोरम माफिया भी इस बात को दम भरते हुए कहने से नहीं थक रहे है कि जब सैंया भए कोतवाल तो अब डर काहे का। इसका साफ मतलब है कि जब उनके आका ने खादी का मजबूत लिबास पहन रखा है तो उनके ऊपर कार्यवाही करने का साहस जिला प्रशासन नहीं कर सकता है। बहरहाल कुछ भी हो खनन अधिकारी का खेल और माफियाओं से होने के तालमेल से इनकार नहीं किया जा सकता है।